शुक्रवार, 19 मार्च 2010

आवडी (मद्रास, अब चेन्नई)

हिन्दी दिवस का पुरस्कार.


'91 में आवडी से मुझे विदा करते मेरे बँगाली दोस्त.

एक विदाई पार्टी ('91)
होली की पार्टी ('87)
शायद बहुतों को पता न हो कि पहले भारतीय वायु सेना में (गर्मियों के लिये) 'खाकी' ड्रेस ही हुआ करती थी. ('90-'91 में आसमानी शर्ट और ब्लू-ग्रे पैण्ट आई.)
खैर, मेरी इस सफेद बीएसए एसएलआर साइकिल का नाम मैंने 'तन्वी' रखा था.

कोई टिप्पणी नहीं:

टिप्पणी पोस्ट करें